
“अमृत भारत योजना” के तहत लालकुआं रेलवे स्टेशन निर्माण में घटिया सामग्री के इस्तेमाल का गंभीर आरोप, स्थानीय जागरूक लोगों ने सरकार से की निष्पक्ष जांच की मांग

लालकुआं। प्रधानमंत्री की महत्वपूर्ण “अमृत भारत योजना” के तहत लालकुआं रेलवे स्टेशन पर चल रहे करोड़ों के विस्तारीकरण कार्यों में गुणवत्ता से समझौते और भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लग रहे हैं। स्थानीय जागरूक लोगों ने सरकार से इसकी निष्पक्ष जांच की मांग की है।
वहीं क्षेत्र के सांसद अजय भट्ट ने इस मामले का संज्ञान लेते हुए कहा कि सरकारी कार्यों में भ्रष्टाचार और गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने जल्द ही इस मामले की जांच कराकर आवश्यक कार्रवाई करने की बात कही है।
गौरतलब हो कि लालकुआं में प्रधानमंत्री की महत्वपूर्ण “अमृत भारत योजना” के अंतर्गत रेलवे स्टेशन पर बड़े पैमाने पर निर्माण कार्य किया जा रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि इसमें कुछ अधिकारियों और ठेकेदारों की मिलीभगत से भ्रष्टाचार का बड़ा खेल खेला जा रहा है। निर्माण कार्यों में घटिया ईंट, रेता आदि घटिया सामग्री का उपयोग किए जा रहा है, जिस पर स्थानीय जागरूक लोगों ने गहरी नाराज़गी जताई है।
इस मामले में राज्य आंदोलनकारी प्रकाश उत्तराखण्डी समेत नगर पंचायत सभासदों ने भी आरोप लगाते हुए कहा कि निर्माण कार्यों में पीट लाइन की आरबीएम को छानकर उसकी रेत से निर्माण कराया जा रहा है, साथ ही घटिया क्वॉलिटी की ईंट और रेत का इस्तेमाल किया जा रहा है। उन्होंने लालकुआं रेलवे स्टेशन पर हो रहे निर्माण कार्य की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
वहीं इस मामले में स्थानीय सांसद प्रतिनिधि लक्ष्मण खाती का कहना है कि उनके द्वारा सांसद अजय भट्ट जी को इस पूरे प्रकरण से अवगत करा दिया गया है और उन्होंने जनभावनाओं के मद्देनजर लालकुआं रेलवे स्टेशन पर चल रहे निर्माण कार्यों की शीघ्र जांच कराकर आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिलाया है।
ऐसे में बड़ा सवाल ये है कि प्रधानमंत्री की महत्वपूर्ण अमृत भारत योजना के तहत लालकुआं रेलवे स्टेशन पर हो रहे निर्माण कार्यों में लग रहे भ्रष्टाचार के गंभीर आरोपों पर जांच की कार्रवाई कब तक होगी या फिर ये मामला फाइलों में ही दबकर रह जायेगा।








