
लालकुआं में नेशनल हाईवे समेत गौला रोड पर अतिक्रमण, हादसों के बाद भी प्रशासन बना मूकदर्शक
रिपोर्ट- ऐजाज जर्नलिस्ट
लालकुआं। लालकुआं नगर के बीच से होकर गुजरने वाले नेशनल हाईवे समेत गौला रोड पर अतिक्रमण और वाहनों के बढ़ते दबाव ने आमजन का जीना दूभर कर दिया है। सड़क किनारे दुकानदारों द्वारा विक्रय सामग्री फैलाकर रखी जा रही है और कई स्थानों पर वाहन ही मुख्य मार्ग पर खड़े कर दिए जाते हैं, जिससे सड़क की चौड़ाई काफी कम हो गई है। परिणामस्वरूप नगर में आए दिन जाम की स्थिति बनी रहती है और राहगीरों को आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
लालकुआं नगर क्षेत्र में बढ़ते इस अतिक्रमण के कारण सबसे अधिक समस्या मुख्य बाजार और गौला रोड में पैदल चलने वाले स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को हो रही है। यहां फुटपाथ पहले ही अतिक्रमण की चपेट में हैं, ऐसे में लोगों को मजबूरन मुख्य सड़क पर चलना पड़ता है। जहां तेज रफ्तार वाहनों के बीच से गुजरना किसी खतरे से कम नहीं है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि लालकुआं में कई बार छोटे-बड़े हादसे हो चुके हैं, जिनमें कई लोग अपनी जान गवां चुके हैं और तमाम लोग चोटिल भी हुए हैं, लेकिन जिम्मेदार विभाग सड़क की ओर विक्रय सामाग्री रखने वाले दुकानदारों पर अंकुश लगाने में पूरी तरह से विफल साबित हो रहे हैं और स्थिति जस की तस बनी हुई है।
वहीं लालकुआं में सुबह और शाम के समय यातायात का दबाव बढ़ने पर हालात और भी बिगड़ जाते हैं। भारी वाहनों की आवाजाही और अव्यवस्थित पार्किंग से कई-कई मिनट तक जाम लगा रहता है। इस दौरान एंबुलेंस और आपातकालीन सेवाओं के वाहनों को भी निकलने में काफी कठिनाई होती है, ऐसे में गंभीर मरीजों की जान को भी खतरे हो सकता है।
स्थानीय निवासियों का आरोप है कि पुलिस और प्रशासन को इस समस्या की पूरी जानकारी है, बावजूद इसके कोई ठोस कार्रवाई होती दिखाई नहीं दे रही है। हालांकि कभी-कभार औपचारिक अभियान चलाकर केवल खानापूर्ति कर दी जाती है, लेकिन स्थायी समाधान की दिशा में कोई प्रभावी कदम नजर नहीं आता है। इससे सड़क पर विक्रय समाग्री फैलाकर अतिक्रमण करने वाले दुकानदारों के हौसले बुलंद हैं।
क्षेत्रीय नागरिकों, सामाजिक संगठनों के जिम्मेदार प्रतिनिधियों ने प्रशासन से मांग की है कि लालकुआं नगर और गौला रोड में नियमित रूप से अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया जाए, वाहनों की अवैध पार्किंग पर सख्ती से रोक लगाई जाए और नेशनल हाईवे पर यातायात व्यवस्था को दुरुस्त किया जाए। साथ ही, स्थायी पार्किंग की व्यवस्था और फुटपाथों को अतिक्रमण मुक्त कर पैदल यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की कार्रवाई की जाए।









